Gurugram- गुरुग्राम पुलिस ने अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले नेटवर्क के खिलाफ एक और बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मध्य प्रदेश के खरगोन से गुरुग्राम हथियारों की खेप लेकर पहुंचे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से 8 अवैध देसी पिस्टल और 16 मैगजीन बरामद की गई हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी पिछले करीब चार साल से अवैध हथियारों की सप्लाई के धंधे में शामिल थे। ये मध्य प्रदेश से बस के जरिए हथियार लेकर दिल्ली-NCR पहुंचते थे और हर हथियार की सप्लाई पर इन्हें 7 हजार रुपये कमीशन मिलता था।

खास बात यह है कि इसी मामले में पहले गिरफ्तार किए गए दो आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस इस नेटवर्क की अगली कड़ी तक पहुंची है। अब तक इस पूरे मामले में चार आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ कुल 13 अवैध पिस्टल और 27 मैगजीन बरामद की जा चुकी हैं।
दरअसल, गुरुग्राम पुलिस की अपराध शाखा सेक्टर-40 की टीम ने अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त और सप्लाई करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए यह सफलता हासिल की है। पुलिस उपायुक्त अपराध नीतीश अग्रवाल के निर्देश पर और अपराध शाखा सेक्टर-40 के इंचार्ज उप-निरीक्षक ललित कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम इस पूरे नेटवर्क की जांच कर रही थी।

इस मामले की शुरुआत 29 अक्टूबर 2026 को हुई थी। उस दिन पुलिस टीम को अपने विश्वसनीय सूत्रों से सूचना मिली थी कि सेक्टर-112 बजघेड़ा इलाके में कुछ युवक अवैध हथियारों के साथ मौजूद हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दीपक और राहुल नाम के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इनके कब्जे से पांच अवैध पिस्टल, 11 मैगजीन और एक कार बरामद की गई थी। इसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना बजघेड़ा में आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था।

पांच दिन के रिमांड में खुला हथियार सप्लाई का राज

पुलिस ने गिरफ्तार दीपक और राहुल को 30 अक्टूबर को अदालत में पेश कर पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लिया। पूछताछ के दौरान पुलिस को पता चला कि दोनों आरोपियों को अवैध हथियार मध्य प्रदेश से सप्लाई किए जा रहे थे। इसके बाद पुलिस ने हथियारों के सप्लाई नेटवर्क की कड़ियां जोड़नी शुरू कीं और मध्य प्रदेश से गुरुग्राम तक हथियार पहुंचाने वाले आरोपियों की तलाश तेज कर दी।

इसी जांच के आधार पर 1 नवंबर 2026 को अपराध शाखा सेक्टर-40 की टीम ने सोहना-गुरुग्राम रोड पर GD गोयनका यूनिवर्सिटी के नजदीक कार्रवाई करते हुए दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनकी पहचान मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के गांव बामनाला निवासी दुर्गेश और नरेंद्र उर्फ नरेन के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके कब्जे से आठ अवैध देसी पिस्टल और 16 मैगजीन बरामद की हैं।

मध्य प्रदेश के खरगोन से जुड़ा हथियार सप्लाई नेटवर्क

पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि दुर्गेश और नरेंद्र मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में अवैध पिस्टल तैयार करने वाले एक व्यक्ति के लिए काम करते थे। दोनों आरोपी हथियार बनाने वाले व्यक्ति के संपर्क में रहकर अवैध पिस्टल की खरीद, उन्हें एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने और आगे सप्लाई करने का काम करते थे। जांच में यह भी सामने आया कि इन दोनों ने पहले गिरफ्तार किए गए दीपक और राहुल को पांच अवैध पिस्टल और 11 मैगजीन सप्लाई की थीं। इसके बदले आरोपियों ने उनसे पैसे भी लिए थे।

इसके बाद दोनों आरोपी एक बार फिर मध्य प्रदेश से आठ पिस्टल और 16 मैगजीन लेकर गुरुग्राम पहुंचे थे। इन हथियारों को आगे दिल्ली-NCR में सप्लाई करने की योजना थी, लेकिन पुलिस ने सप्लाई होने से पहले ही दोनों को गिरफ्तार कर लिया।

बस से लाते थे हथियार, हर पिस्टल पर मिलता था 7 हजार कमीशन

पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे मध्य प्रदेश से बस के जरिए अवैध हथियार लेकर गुरुग्राम आते थे। इसके बाद इन हथियारों को दिल्ली-NCR के अलग-अलग इलाकों में सप्लाई किया जाता था। पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी पिछले करीब चार वर्षों से इस अवैध कारोबार में संलिप्त थे। हथियारों की सप्लाई करने के बदले इन्हें प्रति हथियार सात हजार रुपये कमीशन मिलता था।

अब तक चार आरोपी गिरफ्तार, 13 पिस्टल बरामद

गुरुग्राम पुलिस की इस कार्रवाई में अब तक कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।पहले गिरफ्तार किए गए दीपक और राहुल के कब्जे से पांच अवैध पिस्टल और 11 मैगजीन बरामद हुई थीं। वहीं, अब गिरफ्तार किए गए दुर्गेश और नरेंद्र के कब्जे से आठ पिस्टल और 16 मैगजीन बरामद की गई हैं। इस तरह पुलिस अब तक पूरे मामले में कुल 13 अवैध पिस्टल और 27 मैगजीन बरामद कर चुकी है।

मुख्य सप्लायर और हथियार बनाने वाले ठिकाने की तलाश

फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है। पुलिस का अगला फोकस मध्य प्रदेश में अवैध हथियार तैयार करने वाले मुख्य व्यक्ति, हथियार बनाने के ठिकाने और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचना है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि अब तक कितने हथियार दिल्ली-NCR में सप्लाई किए जा चुके हैं और इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। गुरुग्राम पुलिस का कहना है कि अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त, परिवहन और सप्लाई करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा।