
गौरतलब है कि लंबे समय तक अनशन पर रहने के कारण उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान उनकी लगातार चिकित्सकीय निगरानी की गई और स्वास्थ्य में सुधार आने के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी देने का निर्णय लिया गया।इसी अस्पताल में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने सोनम वांगचुक से मुलाकात की थी। दोनों केंद्रीय मंत्रियों के साथ हुई बातचीत के बाद सोनम वांगचुक ने अपना अनशन समाप्त किया था। इसके बाद उनका इलाज मेदांता अस्पताल में जारी रहा।

अब स्वास्थ्य में पर्याप्त सुधार होने पर उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। अस्पताल से बाहर निकलते समय सुरक्षा की निगरानी में उन्हें दिल्ली ले जाया गया।






