Gurugram- गुरुग्राम में हरित क्षेत्र बढ़ाने और प्रमुख सड़कों के किनारे की सुंदरता सुधारने के लिए गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए ) बड़े स्तर पर ग्रीन बेल्ट, सेंट्रल वर्ज, रोड आइलैंड और अन्य हरित क्षेत्रों के विकास, अपग्रेडेशन और रखरखाव का काम करेगा। इसके तहत पुराने और नए गुरुग्राम के कई प्रमुख सेक्टर डिवाइडिंग और मास्टर रोड को शामिल किया गया है।

जीएमडीए के सीईओ श्री पीसी मीणा ने बताया कि योजना के तहत सेक्टर 92/95 और 102A/103 को विभाजित करने वाली सड़कों के साथ ग्रीन बेल्ट और सेंट्रल वर्ज विकसित किए जाएंगे। इन क्षेत्रों के विकास और रखरखाव से जुड़े अन्य आवश्यक कार्य भी जीएमडीए द्वारा किए जाएंगे।

इसी प्रकार, पुराने गुरुग्राम के प्रमुख मास्टर रोड के साथ स्थित हरित क्षेत्रों को भी विकसित और अपग्रेड किया जाएगा। इनमें सेक्टर 4/9ए , 4/3ए , 3ए /9ए , 5/6, 21/22 और 22/23 को विभाजित करने वाली सड़कें शामिल हैं। इन सड़कों के साथ मौजूद ग्रीन एरिया में पौधारोपण, लैंडस्केपिंग और अन्य आवश्यक विकास कार्य करने के बाद उनका नियमित रखरखाव भी सुनिश्चित किया जाएगा।

इसके अलावा, सेक्टर 44/52, 45/52 और 46/51 को विभाजित करने वाले मास्टर रोड के साथ स्थित ग्रीन एरिया को भी विकसित, अपग्रेड और व्यवस्थित तरीके से मेंटेन किया जाएगा। इन प्रमुख सड़क मार्गों पर हरियाली बढ़ाने के साथ-साथ सड़क किनारे के क्षेत्रों को बेहतर स्वरूप देने पर जोर रहेगा।
*कई सेक्टरों में होगी पौधारोपण की योजना*
जीएमडीए द्वारा सेक्टर 30/31, 40/41, 31/40, 47/49 और 47/50 को विभाजित करने वाली सड़कों के साथ ग्रीन बेल्ट में भी पौधरोपण और नियमित रखरखाव का कार्य किया जाएगा।योजना के तहत सड़क किनारे मौजूद छोटे लेकिन महत्वपूर्ण हरित क्षेत्रों को भी विकसित किया जाएगा। सेक्टर 30, 31, 32, 38, 39, 40 और 41 की सड़कों पर स्थित विभिन्न ट्राएंगल और रोड आइलैंड को विकसित और मेंटेन करने का कार्य भी जीएमडीए द्वारा किया जाएगा।

सीईओ पीसी मीणा ने कहा कि इन कार्यों का उद्देश्य केवल अलग-अलग ग्रीन बेल्ट या रोड आइलैंड को विकसित करना नहीं है, बल्कि इन्हें शहर के व्यापक रोड और लैंडस्केप इंफ्रास्ट्रक्चर का हिस्सा बनाकर व्यवस्थित तरीके से विकसित करना है। इसके तहत पौधारोपण के साथ हरित क्षेत्रों के नियमित रखरखाव पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि गुरुग्राम में तेजी से हो रहे शहरीकरण के बीच उपलब्ध खुले स्थानों पर दबाव बढ़ रहा है। ऐसे में सड़क के साथ मौजूद ग्रीन बेल्ट और सेंट्रल वर्ज को विकसित करके बिना अतिरिक्त जमीन अधिग्रहण के शहर में हरित क्षेत्र बढ़ाने में मदद मिलेगी।
*सड़कों को मिलेगा नया स्वरूप*
जीएमडीए की इस योजना से प्रमुख सड़क मार्गों का सौंदर्यीकरण होने के साथ-साथ शहर के हरित आवरण में भी वृद्धि होगी। विशेष रूप से अधिक विकसित और घनी आबादी वाले क्षेत्रों में सड़क किनारे हरित क्षेत्र पर्यावरण को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
पीसी मीणा ने बताया कि चिन्हित क्षेत्रों में काम चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा। प्रत्येक सड़क और ग्रीन एरिया की आवश्यकता के अनुसार पौधारोपण, लैंडस्केपिंग, विकास, अपग्रेडेशन और नियमित रखरखाव के कार्य किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि इन कार्यों से शहर के प्रमुख सड़क मार्गों को नया स्वरूप मिलेगा और गुरुग्राम को अधिक स्वच्छ, हरा-भरा और बेहतर शहरी वातावरण वाला शहर बनाने के प्रयासों को मजबूती मिलेगी।





