Gurugram- गुरुग्राम में कूड़ा डालने को लेकर शुरू हुई कहासुनी इस कदर बढ़ गई कि मामला लाठी-डंडों से मारपीट तक पहुंच गया। आरोप है कि एक परिवार के घर के पास पहुंचकर हमलावरों ने महिला, बच्चों और बुजुर्गों को भी नहीं बख्शा। मारपीट की ये तस्वीरें सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गईं, जो घटना की गंभीरता बयां कर रही हैं। वारदात के बाद घायलों को अस्पताल ले जाना पड़ा। अब इस मामले में गुरुग्राम पुलिस ने एक नाबालिग समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
ये मामला गुरुग्राम के सेक्टर-65 थाना क्षेत्र के गांव बहरमपुर का है। पुलिस के मुताबिक, 16 अक्टूबर को गांव में लड़ाई-झगड़े की सूचना मिली थी। शुरुआती तौर पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन वहां कोई पक्ष नहीं मिला। बाद में सूचना मिली कि मारपीट में घायल कुछ लोग अस्पताल में भर्ती हैं। पुलिस अस्पताल पहुंची, जहां डॉक्टरों ने घायलों को बयान देने के अयोग्य बताया। इसके बाद 18 अक्टूबर को एक घायल व्यक्ति ने पुलिस को शिकायत दी।
शिकायतकर्ता के मुताबिक, वह गांव में चौकीदारी का काम करता है। 16 अक्टूबर को उसकी पत्नी और बेटा अपने प्लॉट की ओर जा रहे थे, तभी गांव के सचिन ने कथित तौर पर उनके सामने बाइक लगा दी और बहस करने लगा। इसके बाद शिकायतकर्ता सचिन के घर शिकायत करने पहुंचा, जहां दोनों पक्षों के बीच फिर विवाद हो गया। आरोप है कि जब परिवार अपने घर के पास पहुंचा, तो सचिन और उसके कुछ साथी वहां आ गए और शिकायतकर्ता, उसकी पत्नी, बेटे व बेटी के साथ लाठी-डंडों से मारपीट की।
इस शिकायत के आधार पर सेक्टर-65 थाने में संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। वहीं, पुलिस की जांच में सामने आया कि शिकायतकर्ता अपने घर के सामने स्थित प्लॉट में कूड़ा डालता था। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, जो बाद में मारपीट में बदल गई।
मामले में कार्रवाई करते हुए सेक्टर-65 थाना पुलिस ने 22 अक्टूबर को एक नाबालिग समेत कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में हेमु, उम्र 45 वर्ष, ताल सिंह, उम्र 75 वर्ष और रिंकू, उम्र 28 वर्ष शामिल हैं। तीनों नया बहरमपुर क्षेत्र में रहते हैं, जबकि रिंकू मूल रूप से फरीदाबाद जिले के भैसरावली का निवासी है। चौथे आरोपी की पहचान पुलिस ने नाबालिग के रूप में बताई है।
फिलहाल पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है और जांच जारी है। सवाल यही है कि घर के सामने कूड़ा डालने जैसी बात को लेकर शुरू हुआ विवाद आखिर मारपीट तक कैसे पहुंच गया। मामूली कहासुनी में कानून हाथ में लेने का अंजाम अब आरोपियों को कानूनी कार्रवाई के रूप में भुगतना पड़ रहा है।






