Gurugram- गुरुग्राम में ट्रैफिक जाम से परेशान लोगों के लिए बड़ी खबर है। शहर के तीन व्यस्त चौराहों पर जाम की समस्या कम करने के लिए दो फ्लाईओवर और एक अंडरपास बनाया जाएगा। इन तीनों परियोजनाओं पर करीब 136 करोड़ 41 लाख रुपये खर्च होंगे। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई बैठक में इन परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। टेंडर अलॉट होने के बाद 18 महीने में निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

दरअसल, गुरुग्राम में लगातार बढ़ते वाहनों के दबाव को देखते हुए गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण यानी GMDA ने तीन बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की योजना तैयार की है। इनमें सेक्टर-85-86 और 89-90 के बीच दादी सती चौक पर फ्लाईओवर, सेक्टर-45-46 और 51-52 के जंक्शन पर अंबेडकर चौक फ्लाईओवर और मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के पास अंडरपास का निर्माण शामिल है।चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई हाई पावर वर्क्स परचेज कमेटी की बैठक में तीनों परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है।

सबसे पहले बात दादी सती चौक की करें तो यहां करीब 840 मीटर लंबा छह लेन का फ्लाईओवर बनाया जाएगा। इस परियोजना पर 43 करोड़ 5 लाख रुपये खर्च होंगे। फ्लाईओवर के नीचे 7.5 मीटर चौड़ा यू-टर्न बनाया जाएगा। इसके अलावा दोनों तरफ सर्विस रोड, पैदल यात्रियों के लिए फुटपाथ, ट्रैफिक सिग्नल और बेहतर लाइटिंग की व्यवस्था भी होगी। इससे न्यू गुरुग्राम के सेक्टरों में आने-जाने वाले लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।

वहीं, अंबेडकर चौक पर करीब 930 मीटर लंबा चार लेन का फ्लाईओवर बनाया जाएगा। इस पर 36 करोड़ 36 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
यह फ्लाईओवर विकास मार्ग के ऊपर बनाया जाएगा। परियोजना में सर्विस रोड, स्लिप रोड और फ्लाईओवर के नीचे दो यू-टर्न भी शामिल हैं। इसके अलावा पार्क अस्पताल और अरिहंत अस्पताल की तरफ आने-जाने वाले लोगों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।

तीसरी परियोजना मिलेनियम सिटी सेंटर मेट्रो स्टेशन के पास बनाई जाएगी। यहां करीब 57 करोड़ रुपये की लागत से अंडरपास तैयार होगा।
इसकी कुल एप्रोच लंबाई करीब 1,350 मीटर होगी। इसमें इफको चौक की तरफ 625 मीटर और अर्दी सिटी की तरफ 725 मीटर का हिस्सा शामिल रहेगा। इस परियोजना में अतिरिक्त यू-टर्न, 9.5 मीटर चौड़ी सर्विस रोड और दोनों तरफ फुटपाथ बनाए जाएंगे।

खास बात यह है कि पैदल यात्रियों की सुविधा के लिए करीब 300 मीटर लंबा कवर फुट ओवरब्रिज भी बनाया जाएगा। इसमें चार लिफ्ट और एस्केलेटर की सुविधा होगी। साथ ही सोलर पैनल और दो रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम भी लगाए जाएंगे। तीनों परियोजनाओं पर कुल 136 करोड़ 41 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। टेंडर अलॉट होने के बाद प्रत्येक परियोजना को पूरा करने के लिए 18 महीने का समय निर्धारित किया गया है।

GMDA के सीईओ पीसी मीणा के मुताबिक, इन परियोजनाओं के पूरा होने से प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और वाहन चालकों के साथ पैदल चलने वालों को भी बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।